दिल्ली इंटरनेशनल - वर्ग B&C - एक बार फिर हुए कई सपने पूरे
27/01/2019 -भारतीय शतरंज इतिहास में इससे पहले तो ना इतनी बड़ी पुरूष्कार राशि बांटी गयी ना ही कभी इतने ज्यादा खिलाड़ियों नें एक साथ किसी भी एक जगह प्र्तिभागिता की लम्हा इतिहासिक था तो इसे विश्व रिकॉर्ड बनने नें बेहद खास बना दिया । वर्ग बी और सी मिलाकर कुल 66 लाख रुपेय के पुरूष्कार लोगो को दिये गए जो अपने आप में भारतीय शतरंज खेल के भारत में एक नए दौर की झलक प्रस्तुत करता है । वर्ग बी और सी जहां मुख्य तौर वह लोग शतरंज खेलने आते है जो पूर्ण रूप से खिलाड़ी नहीं है, कोई बड़ा उद्योगपति है तो कोई बैंकर ,कोई आईएएस है पर उसी समय कोई रिक्शा वाला ,कोई सफाई वाला तो कोई मजदूर भी उनके साथ खेलता नजर आता है और यह खेल उन्हे आपस में बराबरी का भाव देता है । हालांकि उभरते हुए बच्चो के लिए भी यह एक अच्छा मंच साबित होता है और शीर्ष तीन में जगह बनाते हुए वह नजर आते है जो निश्चित तौर पर खेल की अच्छी समझ रखते है । पढे नितीश श्रीवास्तव की दिल्ली से यह रिपोर्ट ।